मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि राज्य सरकार उड़द (काली दाल) और मूंग जैसी दालों के उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए किसानों को जल्द प्रोत्साहन देने की योजना पर विचार कर रही है। उन्होंने बताया कि इसके लिए एक विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर ली गई है और आगामी किसान सम्मेलन में इस संबंध में औपचारिक घोषणा की जाएगी।
इंदौर में आयोजित दाल, अनाज एवं फूड प्रोसेसिंग से जुड़ी अत्याधुनिक मशीनरी की तीन दिवसीय राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनी को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार मूंग और उड़द फसलों पर विशेष प्रोत्साहन देने जा रही है। साथ ही उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अगले पांच वर्षों में राज्य में दुग्ध उत्पादन को 9 प्रतिशत से बढ़ाकर 20 प्रतिशत तक ले जाने का लक्ष्य रखा गया है।
मुख्यमंत्री ने फूड प्रोसेसिंग उद्योग से जुड़े राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए कहा कि भविष्य में एयर कार्गो सुविधा विकसित करने की भी योजना है। उन्होंने बताया कि मध्य प्रदेश देश के केंद्र में स्थित होने के कारण सड़क और रेल परिवहन की बेहतर कनेक्टिविटी उपलब्ध कराता है, जिससे कृषि उत्पादों के परिवहन और निर्यात की संभावनाएं मजबूत होती हैं।
किसानों के हितों पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री ने दोहराया कि राज्य सरकार ने वर्ष 2026 को ‘कृषि वर्ष’ घोषित किया है। इसका उद्देश्य खेती और इससे जुड़े ग्रामीण क्षेत्रों को मजबूत करना है, ताकि किसानों की आय में स्थायी वृद्धि सुनिश्चित की जा सके। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों के साथ-साथ उद्योग जगत को भी पूरा सहयोग देने के लिए प्रतिबद्ध है।
इससे पहले मुख्यमंत्री ने GrainEx India Exhibition 2026 का उद्घाटन किया, जिसमें दाल, चावल, आटा, मसाले, बेसन, गेहूं, पोहा, मक्का, सोयाबीन, पास्ता, मूंगफली, चना, मिलेट्स, बीज और अन्य फूड प्रोसेसिंग सेक्टर से जुड़ी मशीनरी और टर्नकी प्लांट्स का प्रदर्शन किया गया। आयोजकों के अनुसार, यह प्रदर्शनी उद्योग से जुड़े लोगों को उत्पादन बढ़ाने, गुणवत्ता सुधारने और लागत घटाने के नए तरीकों को समझने का अवसर प्रदान करती है।